सुकमा नक्सली हमला
देश विचार

और कब तक करेंगे हम बस यूं ही निंदा ?

सोमवार को छत्तीसगढ़ के सुकमा से एक बार फिर देश को झकझोर देने वाली खबर सामने आई , एक बार फिर हमारे जवानों को नक्सलियों के गंदे मंसूबे का शिकार होना पड़ा। सुकमा के इस नक्सली हमले में हमारे सीआरपीएफ के 25 जवान शहीद हो गए और हमेशा की तरह सत्ता के हुक्मरानों ने खानापूर्ति करते हुए हमलें की निंदा कर और श्रधांजलि दे बातों को भूलने की तैयारी में हैं , एक सच्चे भारतीय होने के नाते मैं जब इन जवानों की सहादत को ऐसे भूलते हुए देखता हूं तो मेरा खून खौल जाता है ... कभी कभी सोचता हूं की सत्ता के हुक्मरानों की ये हरकत हमारे जवानों को अंदर से कितना तोड़ देता होगा .. क्या ये हमारे जवानों की सहादत का मजाक नही है ?

मेरा सवाल सत्ता के हुक्मरानों से केवल इतना है कि कब तक हम यूं ही जवानों की मौत पर फूलों की श्रधांजलि और हमलें को निंदनीय बताते रहेंगे ? कब तक हम यूं ही जवानों की सहादत को जाया होने देते रहेंगे ?

हमारे जवानों को सच्ची श्रद्धांजलि तब होगी जब देश के दुश्मनों को मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा और इसके लिए कड़े कदम उठाए जाएंगे वो भी वेल प्लानिंग और जवानों को पूरी आजादी के साथ । लेकिन हमारे देश का दुर्भाग्य यही है कि सत्ता पक्ष की पार्टी इन मसलों पर हमेशा से ढीली रही है चाहे वो जो भी पार्टी हो ।

मेरा बस इतना कहना है कि बहुत हो चुका अब और नही .. जनता ने आपको सिर्फ बड़ी-बड़ी बातें बोलने के लिए सत्ता में नही बिठाया है उस पर आपको खड़ा भी उतरना होगा । देश में जितनी भी नक्सलाइट नाम की गंदगी है उसे जड़ से खत्म करना होगा।

नक्सलियों द्वारा किये गए पिछले 5 हमलें:

24 अप्रैल 2017: सुकमा हमला,25 जवान शहीद

11 मार्च 2017:भेज्जी में हमला,11 जवान शहीद

30 मार्च 2016:दंतेवाड़ा में हमला,7 जवान शहीद

28 फरवरी 2014: दंतेवाड़ा हमला ,5 जवान शहीद

11 मार्च 2014: टहकवाड़ा हमला,20 जवान शहीद

2,444 total views, 3 views today

Facebook Comments

Leave a Reply