अपने 100वें इंटरनेशनल मुकाबले में सुनील छेत्री ने किया कमाल, भारत ने 3-0 से कसा शिकंजा
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अपने 100वें इंटरनेशनल मुकाबले में सुनील छेत्री ने किया कमाल, भारत ने 3-0 से कसा शिकंजा

भारतीय फुटबॉल टीम ने इंटरकॉन्टिनेंटल कप के एक मुकाबले में केन्या को एकतरफा 3-0 से पराजित करते हुए कैप्टन सुनील छेत्री को जीत का शानदार तोहफा दिया है ।और इस मैच में सबसे अहम बात यह रही कि भारतीय जीत के हीरो भी करियर का 100वां इंटरनैशनल मुकाबला खेल रहे सुनील छेत्री ही रहे ।

सुनील छेत्री ने इस मुकाबले में दो गोल किए, जबकि एक गोल जेजे के नाम रहा । इस जीत के साथ ही भारत 2 मुकाबले में 2 जीत के साथ अब फाइनल में पहुंच गया है । यह भारत की केन्या के खिलाफ पहली और किसी अफ्रीकी देश के खिलाफ तीसरी जीत है । अफ्रीकी देशों की बात करें तो भारत 1960 से अब तक सिर्फ जाम्बिया, नामीबिया और केन्या के खिलाफ ही मैच जीत सका है । भारत ने घाना, अल्जीरिया और मोरक्को से 1-1 जबकि जाम्बिया से 3 मुकाबले हारे हैं ।

मैच के शुरुआत में ही तेज़ बारिश आने के कारण दोनों ही टीमों के खिलाड़ियों को परेशानी का सामना करना पड़ा । भारत की तरफ से पहला अच्छा प्रयास 7वें मिनट में उदांता सिंह ने किया। उदांता सिंह जब बाये छोड़ से आगे बढ़े, लेकिन बॉक्स के अंदर उनका क्रास काफी धीमा था, जिसे विरोधी गोलकीपर पैट्रिक मतासी ने आसानी से अपने कब्जे में ले लिया । केन्या ने इसके बाद पलटवार किया । डेनिस ओधियाम्बियो ने कार्नर किक पर हैडर से प्रहार किया, लेकिन गेंद गोल से दूरी रही ।

भारत को 14वें मिनट में फ्री किक मिला, लेकिन अनिरुद्ध थापा ने इसे सीधे मतासी के हाथों में खेल दिया । भारत को गोल करने का पहला बड़ा मौका 22वें मिनट में मिला जब मैदान पर पानी भरा होने के कारण केन्या के डिफेंडरों से चूक हो गई और गेंद सीधे भारतीय कप्तान के पास पहुंच गई । छेत्री ने ज़ोरदार शॉट मारा लेकिन गेंद क्रॉसबार के ऊपर से बाहर निकल गई।

केन्या को भी 25वें मिनट में अच्छा मौका मिला, लेकिन भारतीय गोलकीपर गुरप्रीत सिंह संधू ने पेटिलाह ओमोटो के प्रयास को नाकाम कर दिया। दोनों टीमों के खिलाड़ियों को मैदान पर काफी पानी होने के कारण पासिंग में काफी परेशानी हो रही थी और कई अच्छे मूव बनाने के बावजूद कोई भी टीम गोल नहीं कर पा रही थी जिसके कारण मध्यांतर तक स्कोर 0-0 रहा।

दूसरे हाफ में केन्या ने तेज शुरुआती की। तीसरे ही मिनट में ओवेला ओचींग ने अच्छा मूव बनाते हुए भारत के सेंटर बैक को छकाया, लेकिन उनका शॉट गोल से दूर रहा,दो मिनट बाद मुतांबा ने भी संदेश झिंगन और अनस एडाथोडिका को छकाया, लेकिन उनका शॉट भी निशाने से दूर रहा। होलीचरण नार्जरी ने 55वें मिनट में शानदार मूव बनाते हुए गेंद छेत्री के पास पहुंचाई, लेकिन भारतीय कप्तान इसे गोल में बदलने में नाकाम रहे।

सुनील छेत्री ने इसके बाद इंजरी टाइम के पहले मिनट में एक और गोल दागकर भारत को 3-0 से जीत दिलायी । सुनील छेत्री का यह 100वां अंतरास्ट्रीय मैच था। उनसे पहले पूर्व कप्तान बाइचुंग भूटिया (104 मैच) ने ही यह आंकड़ा पार किया था।

भारत ने अपने पहले मैच में चीनी ताइपे को 5-0 से हराया था । मेजबान टीम के खिलाफ अब तक टूर्नामेंट में एक भी गोल नहीं हुआ है। भारत को अपने तीसरे और अंतिम राउंड रोबिन मैच में 7 जून को न्यू जीलैंड से भिड़ना है, जबकि इसके अगले दिन केन्या की भिड़ंत चीनी ताइपे से होगी। टूर्नमेंट का फाइनल 10 जून को खेला जाएगा।

मुंबई में लगातार बारिश होने के बावजूद फैंस के उत्साह में कोई कमी नहीं देखने को मिली। करियर के 100वें मुकाबले से पहले सुनील छेत्री ने फैंस से अपील की थी कि हमें गालियां दो, आलोचना करो, लेकिन भारतीय फुटबॉल टीम को खेलते देखने स्टेडियम में आओ।’

इसके बाद पूर्व भारतीय क्रिकेटर सचिन तेंदुलकर और कप्तान विराट कोहली सहित कई सिलेब्रिटी ने फैंस से स्टेडियम पहुंचकर मुकाबला देखने की अपील की, जिसका जोरदार असर भी देखने को मिला। सोमवार को मुकाबले से पहले सभी टिकट बिक चुके थे और फैंस बड़ी संख्या में स्टेडियम भी पहुंचे।

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By- Ankush Prakash

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