कविता

दोस्त

वो दोस्ती एक हसीन किस्सा था जो वक़्त के साथ गुज़रता गया , बचपन की यादों को छोड़ वो सपनो के पीछे उड़ता गया, लड़ता है आज वो खुद से जो कभी हमारे लिए लड़ता रहा । जिम्मेदारी के बोझ तले ऐसे  दबा वो और फिर व्यस्त हुआ दुनियादरी में, मांज रहा पीतल की तरह कोई किस्मत […]

कविता

तुम बहुत हसीन हो ऐ कविता

तुम बहुत हसीन हो ऐ कविता जो जज्बातों को जगती हो । वर्षों से धूमिल पड़ी यादों को शब्दो में सजाती हो, कभी संजोती तुम उन हसीन लम्हों को, कभी सजाती तुम उन नमकीन लम्हों को, याद दिला कर वादों का उनका एहसास दिलाती हो, तुम बहुत हसीन हो ऐ कविता जो जज्बातों को जागती […]