बीजेपी ने केजरीवाल सरकार पर लगाए 26,000 करोड़ के घोटाले का आरोप, जानें क्या है पूरा मामला?

भ्रष्टाचार के खिलाफ जबरदस्त आंदोलन कर देश की नजर में आने वाली आम आदमी पार्टी ने विधानसभा चुनाव 2020 में पूर्ण बहुमत से जीत हासिल कर अरविंद केजरीवाल के नेतृत्व में लगातार दूसरी बार सरकार में आई। दिल्ली सरकार द्वारा स्वास्थ्य और शिक्षा के क्षेत्र में किया गया काम अभी भी देश के अन्य राज्यों के लिए उदाहरण है। लेकिन भ्रष्टाचार का विरोध करने वाली आम आदमी पार्टी अब खुद भ्रष्टाचार के आरोपों में घिरने लगी हैं। भारतीय जनता पार्टी ने केजरीवाल सरकार पर दिल्ली जल बोर्ड में 26 हजार करोड़ रुपये के गबन का आरोप लगाया है। साथ ही कहा है कि दिल्ली जल बोर्ड पिछले 6 सालों में केजरीवाल सरकार की करतूतों के कारण ‘दलाली जल बोर्ड’ बन गया है।

26,000 करोड़ का कोई हिसाब-किताब नहीं

बीते दिन गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर दिल्ली बीजेपी के अध्यक्ष आदेश गुप्ता और विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष रमेश बिधूड़ी ने केजरीवाल सरकार पर जमकर आरोप लगाए। उन्होंने वित्त निगम की रिपोर्ट के हवाले से दिल्ली जल बोर्ड में 26 हजार करोड़ के घोटाले का दावा किया। दिल्ली बीजेपी अध्यक्ष ने कहा, ‘सिर्फ पांच वर्षों में मुख्यमंत्री केजरीवाल ने दिल्ली जल बोर्ड को 41,000 करोड़ रुपये का लोन दिया था, जिसमें से 26,000 करोड़ रुपये का कहीं हिसाब-किताब ही नहीं है।‘

उन्होंने कहा, दिल्ली सरकार के खातों से पिछले पिछले 5 सालों में 26 हजार करोड़ रुपये दिल्ली जल बोर्ड के खातों में ट्रांसफर किए गए, लेकिन उसका हिसाब केजरीवाल, सत्येंद्र जैन या राघव चड्ढा देने को तैयारी नहीं है। आदेश गुप्ता ने दिल्ली सरकार के हर घर नल योजना को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा, केजरीवाल सरकार ने हर घर में नल से जल देने का वादा किया था, लेकिन अभी तक दिल्ली के एक-चौथाई भाग को पीने के पानी की पाइप लाइन के दर्शन तक नहीं हुए हैं।

दिल्ली जल बोर्ड के घोटालों पर चर्चा कराएं मुख्यमंत्री

वहीं, नेता प्रतिपक्ष रमेश बिधूड़ी ने भी केजरीवाल सरकार पर जमकर हमला बोला। उन्होंने इस घोटाले की जांच करने के लिए मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल से दिल्ली विधानसभा का दो दिवसीय सत्र बुलाने की मांग की। उन्होंने कहा, ‘जल के घोटालों की जांच करने के लिए मुख्यमंत्री अराविंद केजरीवाल दिल्ली विधानसभा का दो दिवसीय सत्र बुलाएं और दिल्ली जल बोर्ड के घोटालों पर चर्चा कराएं, क्योंकि उनके ऊपर जो आरोप लगाए गए हैं वो तथ्यों के साथ हैं, इसलिए दिल्ली की जनता को वो साफ करें कि आखिर 26,000 करोड़ का जो घोटाला किया गया है, उन पैसों को किन-किन कामों में लगाया गया है।” रमेश बिधूड़ी ने कहा यदि केजरीवाल की नियत साफ है तो उन्हें इन पैसों का हिसाब देने में कोई ऐतराज नहीं होना चाहिए।

वैक्सीन पर हो रही सियासत पर भड़के स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन, कहा- राजनीतिक कारणों से वैक्सीन का दुष्प्रचार कर रहा विपक्ष

राहुल ने अरुणाचल में चीनी घुसपैठ पर सवाल उठाए तो बीजेपी ने कहा- बन जाइए चीन का सुरक्षा सलाहकार

अरुणाचल में चीनी अतिक्रमण को लेकर सरकार पर हमलावर हुए ओवैसी, पीएम मोदी को बताया कमोजर प्रधानमंत्री

लेटेस्ट खबरों के लिए हमारे facebooktwitterinstagram और youtube से जुड़े

Facebook Comments

Leave a Reply