काला हिरण शिकार मामले में सलमान खान को 5 साल की सजा, 10 हजार रुपये का जुर्माना

सलमान खान पर पिछले 20 साल से चल रहे काला हिरण शिकार मामले में आज जोधपुर की ग्रामीण सीजीऍम कोर्ट ने उन्हें दोषी करार देते हुए 5 साल की सजा और 10 हजार रूपये का जुर्माना लगाया है .काले हिरण शिकार के इस मामले में कुल 6 आरोपी थे जिसमे सलमान खान सहित उनके साथी कलाकार सैफ अली खान,तब्बू ,नीलम कोठारी,सोनाली बेंद्रे शामिल थी साथ ही एक आरोपी वहां का सथानिय निवासी था . कोर्ट ने सबूत के आभाव में सलमान को छोड़कर बाकि सभी 5 आरोपियों को बरी कर दिया है .

क्या है पूरा मामला ?

सन 1998 में फिल्म ‘हम साथ साथ हैं’ की शूटिंग राजस्थान के जोधपुर में चल रही थी . उसी दौरान 1 अक्टूबर की रात कांकणी में कथित रूप से काले हिरण का शिकार किया गया । जिसमे सलमान खान पर उस काले हिरण के शिकार का आरोप लगा और उन्हें मुख्य आरोपी बनाया गया तो वहीं उनके साथ काम कर रहे साथी कलाकार सैफ अली खान , तब्बू,सोनाली बेंद्रे और नीलम कोठारी पर सलमान को शिकार के लिए उकसाने का चार्ज लगाया गया था . पिछले माह 28 मार्च को इस मामले पर अंतिम सुनवाई की गयी जिसके बाद आज 5 अप्रैल को सलमान को दोषी करार देते हुए 5 साल की सजा सुनाई गयी .

कब क्या हुआ ?

सितंबर 1998 में फिल्म ‘हम साथ साथ हैं’ की शूटिंग के दौरान सैफ अली खान, तब्बू और सोनाली बेंद्रे के साथ सलमान खान ने राजस्थान में जोधपुर के पास कणकणी गांव में दो काले हिरणों का शिकार किया।

2 अक्टूबर, 1998 को बिश्नोई गांव के लोगों ने सलमान खान व अन्य के खिलाफ हिरणों के शिकार का केस दर्ज कराया।

12 अक्टूबर, 1998 को सलमान खान को विलुप्तप्राय जानवरों के शिकार के आरोप में गिरफ्तार किया गया, हालांकि बाद में उन्हें जमानत मिल गई।

10 अप्रैल, 2006 को ट्रायल कोर्ट ने वाइल्ड लाइफ प्रोटेक्शन एक्ट के तहत चिंकारा शिकार के केस में सलमान को दोषी ठहराया। उन्हें पांच साल की सजा सुनाई गई। उन पर 25 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया।

31 अगस्त, 2007 को राजस्थान हाई कोर्ट ने चिंकारा शिकार मामले में सलमान को पांच साल की सजा सुनाई। एक हफ्ते बाद उनकी अपील पर यह सजा सस्पेंड कर दी गई। सलमान ने एक सप्ताह का यह वक्त जोधपुर जेल में बिताया। बाद में हाई कोर्ट ने आर्म्स एक्ट के केस में भी सलमान को बरी कर दिया।

24 जुलाई, 2012 को राजस्थान हाई कोर्ट की बेंच ने काले हिरण के शिकार मामले में सभी आरोपियों के खिलाफ आरोप तय किए। इसके बाद मामले में ट्रायल की राह खुली।

9 जुलाई, 2014 को राजस्थान सरकार की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट ने सलमान खान को नोटिस जारी किया। राजस्थान सरकार ने हाई कोर्ट के उस आदेश को चुनौती दी थी, जिसके तहत सलमान की सजा को सस्पेंड किया गया था।

25 जुलाई, 2016 को राजस्थान हाई कोर्ट ने घोड़ा फार्म हाउस और भवाद गांव चिंकारा शिकार केस में सलमान खान को बरी कर दिया। कोर्ट ने कहा कि इसके सुबूत नहीं हैं कि सलमान की लाइसेंसी बंदूक से ही शिकार किया गया।

19 अक्टूबर, 2016 को राजस्थान सरकार ने हाई कोर्ट के फैसले के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में अपील की।

11 नवंबर, 2016 को राजस्थान सरकार की याचिका पर सुप्रीम कोर्ट मामले की सुनवाई को फास्ट ट्रैक करने के राजी हुआ।

15 फरवरी, 2017 को सलमान खान के वकील ने सुबूत पेश करने से इंकार कर दिया।

28 मार्च, 2018 को इस मामले में ट्रायल कोर्ट में सुनवाई पूरी हुई। चीफ जूडिशल मैजिस्ट्रेट देव कुमार खत्री ने अपना फैसला सुरक्षित रखा।

5 अप्रैल 2018 सलमान खान को दोषी करार देते हुए 5 साल की सजा और 10 हजार का जुर्माना लगा , बाकि सभी 5 आरोपियों को बरी किया गया .

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Praful Shandilya

praful shandilya is a journalist, columnist and founder of "The Nation First"

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